उत्पादन आधारित प्रोत्साहन योजना (Production Based Incentive Scheme in Hindi)

उत्पादन आधारित प्रोत्साहन योजना : हमारा देश हर क्षेत्र में आत्मनिर्भर होता जा रहा है। उत्पादन के क्षेत्र में देश को आत्मनिर्भर बनाने के लिए हमारे देश के प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी ने मेक इन इंडिया नाम से एक अभियान भी चलाया था। जिससे देश में उत्पादन बढ़ा है। सरकार देश में उत्पादन बढ़ाने के लिए लगातार प्रयास कर रही है। इसी वजह से सरकार समय-समय पर योजनाएं चलाती रहती है

इसका नाम उत्पादन आधारित प्रोत्साहन योजना है। इस योजना से संबंधित सभी महत्वपूर्ण जानकारी प्राप्त करें। जैसे लाभ, उद्देश्य, पात्रता, विशेषताएं, आवेदन प्रक्रिया, महत्वपूर्ण दस्तावेज, आवेदन की स्थिति, लाभार्थी सूची आदि।

उत्पादन आधारित प्रोत्साहन योजना (Production Based Incentive Scheme in Hindi) :

यह योजना 11 नवंबर 2020 को शुरू की गई थी। जिसके तहत घरेलू विनिर्माण को बढ़ावा दिया जाएगा। इस योजना के तहत अगले 5 वर्षों में 10 प्रमुख क्षेत्रों पर दो लाख करोड़ रुपये खर्च किए जाएंगे। पीएलआई योजना 2021 से घरेलू विनिर्माण बढ़ेगा और आयात पर निर्भरता कम होगी और निर्यात बढ़ेगा। ताकि अर्थव्यवस्था बेहतर रहे।

उत्पादन आधारित प्रोत्साहन योजना से बेरोजगारी दर में भी कमी आएगी। सरकार की ओर से बताया गया है कि इस योजना पर 1,45,980 करोड़ रुपये खर्च किए जाएंगे. इस योजना से आत्मनिर्भर भारत अभियान को भी बढ़ावा मिलेगा और उत्पादन में वृद्धि होगी। इस योजना के तहत कॉर्पोरेट टैक्स की 25% दर में भी कटौती की जाएगी।

उत्पादन आधारित प्रोत्साहन योजना पंजीकरण (Production Based Incentive Scheme Registration in Hindi) :

घरेलू उत्पादन को बढ़ावा देने के लिए उत्पादन आधारित प्रोत्साहन योजना शुरू की गई है। इस योजना को शुरू करने का एक उद्देश्य भारत को एशिया में एक वैकल्पिक वैश्विक विनिर्माण केंद्र बनाना है। इस योजना के अंतर्गत आने वाले क्षेत्रों को धन उपलब्ध कराया जाएगा। ताकि वह मैन्युफैक्चरिंग सेक्टर में आगे बढ़ सके। सूत्रों के मुताबिक इस योजना के तहत 8 और सेक्टरों को शामिल किया जाएगा। इस योजना के तहत चरणबद्ध निर्माण योजना का भी समर्थन किया जाएगा।

उत्पादन आधारित प्रोत्साहन योजना की मुख्य विशेषताएं (Key Highlights Of Production Based Incentive Scheme in Hindi) :

योजना का नामउत्पादन आधारित प्रोत्साहन योजना
किसने शुरुआत कीभारत सरकार
लाभार्थीभारत के नागरिक
उद्देश्यघरेलू विनिर्माण को बढ़ावा देना
आधिकारिक वेबसाइटजल्द शुरू की जायेगी
वर्ष2021
प्रारंभ तिथि11 नवंबर 2020
बजट2 लाख करोड़

उत्पादन आधारित प्रोत्साहन योजना के तहत क्षेत्र (Sectors under Production Based Incentive Scheme in Hindi) :

उत्पादन आधारित प्रोत्साहन योजना के तहत सरकार द्वारा 10 सेक्टरों को शामिल किया गया है, जो इस प्रकार हैं :

  • एडवांस केमिकल सेल बैटरी
  • इलेक्ट्रॉनिक और प्रौद्योगिकी उत्पाद
  • ऑटोमोबाइल और ऑटो घटक
  • औषधीय दवाएं
  • दूरसंचार और नेटवर्किंग उत्पाद
  • कपड़ा उत्पादन
  • खाद्य उत्पाद
  • सौर पीवी मॉड्यूल
  • सफेद वस्तुओं
  • विशेषता स्टील

उत्पादन आधारित प्रोत्साहन योजना का उद्देश्य (Objective of Production Based Incentive Scheme in Hindi) :

इस योजना का मुख्य उद्देश्य घरेलू विनिर्माण को बढ़ावा देना है। इस योजना के माध्यम से देश को आत्मनिर्भरता की ओर ले जाया जाएगा। योजना के माध्यम से देश के विभिन्न उत्पादन क्षेत्रों को धन उपलब्ध कराया जाएगा। जिससे वह अपने व्यापार को बढ़ा सके। इस योजना से रोजगार के अवसर भी पैदा होंगे, विदेशी कंपनियों को भी भारत में उत्पाद करने के लिए प्रोत्साहित किया जाएगा। इस योजना से निर्यात बढ़ेगा और आयात घटेगा। जिससे देश की अर्थव्यवस्था बेहतर होगी।

उत्पादन आधारित प्रोत्साहन योजना के लाभ और विशेषताएं (Benefits and Features of Production Based Incentive Scheme in Hindi) :

  • यह योजना 11 नवंबर 2020 को शुरू की गई थी।
  • इस योजना के माध्यम से घरेलू विनिर्माण को बढ़ावा दिया जाएगा।
  • पीएलआई योजना का बजट अगले 5 साल के लिए 2 लाख करोड़ रुपये है।
  • इस योजना के माध्यम से यह राशि 10 प्रमुख क्षेत्रों पर खर्च की जाएगी।
  • योजना से आयात कम होगा और निर्यात बढ़ेगा। ताकि अर्थव्यवस्था बेहतर रहे।
  • इस योजना से बेरोजगारी दर में भी कमी आएगी।
  • इस योजना से आत्मनिर्भर भारत अभियान को भी बढ़ावा मिलेगा।
  • योजना के माध्यम से 25% कॉर्पोरेट टैक्स की दर में भी कटौती की जाएगी।
  • इस योजना के जरिए भारत को एशिया का वैकल्पिक वैश्विक विनिर्माण केंद्र बनाया जाएगा।
  • इस योजना के अंतर्गत आने वाले क्षेत्रों को आगे बढ़ाने के लिए धन उपलब्ध कराया जाएगा।
  • पीएलआई योजना 2020 के तहत चरणबद्ध निर्माण योजना का भी समर्थन किया जाएगा।
  • इस योजना के तहत सकल घरेलू उत्पाद का 16% योगदान दिया जाएगा।

उत्पादन आधारित प्रोत्साहन योजना के तहत प्रत्येक क्षेत्र का बजट (Budget of Each Sector Under Production Based Incentive Scheme in Hindi) :

क्षेत्रबजट
एडवांस केमिस्ट्री सेल बैटरी18,100 करोड़ रु
इलेक्ट्रॉनिक और प्रौद्योगिकी उत्पाद5,000 करोड़ रु
ऑटोमोबाइल और ऑटो कंपोनेंट्स57,042 करोड़ रु
फार्मास्युटिकल दवाएं15,000 करोड़ रु
दूरसंचार और नेटवर्किंग उत्पाद12,195 करोड़ रु
कपड़ा उत्पाद10,683 करोड़ रु
खाद्य उत्पाद10,900 करोड़ रु
सोलर पीवी मॉड्यूल4,500 करोड़ रु
सफेद सामान6,238 करोड़ रु
स्पेशलिटी स्टील6,322 करोड़ रु

उत्पादन
आधार प्रोत्साहन योजना के लिए महत्वपूर्ण दस्तावेज (पात्रता) (Important Documents (Eligibility) for Production Based Incentive Scheme in Hindi ) :

  • आवेदक भारत का स्थायी निवासी होना चाहिए।
  • आधार कार्ड
  • आय प्रमाण पत्र
  • पासपोर्ट के आकार की तस्वीर
  • मोबाइल नंबर
  • निर्माण प्रमाणपत्र

उत्पादन आधारित प्रोत्साहन योजना के तहत आवेदन करने की प्रक्रिया (Process to apply under Production Based Incentive Scheme in Hindi) :

यदि योजना के तहत आवेदन करना चाहते हैं तो अभी कुछ समय का इंतजार करना होगा। यह योजना अभी सरकार द्वारा शुरू की गई है। जल्द ही इस योजना के तहत आवेदन करने के लिए आधिकारिक वेबसाइट लॉन्च की जाएगी।