Categories: Education Department
| On 3 years ago

Rajasthan- The upcoming Educational Hub. प्रवेशोत्सव अभियान 2018-19

Rajasthan- The upcoming Educational Hub.

राजकीय विद्यालय स्थापित कर रहे है नए आयाम। प्रवेशोत्सव अभियान।

सम्पूर्ण राजस्थान में राजकीय विद्यालयों में अधिकाधिक नामांकन के लक्ष्य को लेकर प्रवेशोत्सव अभियान आयोजित किया जा रहा है। अभियान की सफलता सुनिश्चित करने हेतु विभिन्न स्तरों पर निरन्तर व नियमित मोनेटरिंग हो रही है।
समस्त संस्थाप्रधान व स्टाफ सदस्य अभियान की सफलता हेतु विभागीय कैलेंडर की दिन-प्रतिदिन की पालना कर रहे है। सभी का प्रयास है कि इस सत्र में नामांकन का नया रिकॉर्ड स्थापित किया जाए।

राजस्थान एजुकेशन मॉडल

आज राजस्थान सम्पूर्ण राष्ट्र में शिक्षा क्षेत्र के हब के रूप में विकसित हो रहा है। विभिन्न राष्ट्रीय स्तरीय सर्वे इसे प्रमाणित करते है कि विभिन्न पैरामीटर्स पर राजस्थान आज अन्य राज्यो के लिए रोल मॉडल बन कर उभर रहा है एवम अन्य राज्य "राजस्थान मॉडल" को समझने व अपने राज्य में लागू करने की दिशा में प्रयासरत है।

सेंटर ऑफ एक्सीलेंस

राज्य के प्रत्येक ग्राम पंचायत में एक आदर्श/उत्कृष्ट विद्यालय के रूप में "सेंटर ऑफ एक्सीलेंस" विकसित हो रहे है। राजकीय क्षेत्र

में विवेकानंद मॉडल स्कूल, शारदे छात्रावास, केजीबीवी, लेपटॉप-स्कूटी वितरण, गार्गी पुरस्कार, ट्रांसपोर्ट वाउचर, निःशुल्क पाठ्यपुस्तक वितरण, साइकिल वितरण,आइसीटी क्लासेस, प्रोजेक्ट उत्कर्ष, अन्नपूर्णा योजना व अनेक प्रकार की छात्रवर्ती ने समाज का ध्यान आकृष्ट किया है।

पीईईओ- एक जिम्मेदार व्यवस्था

आज राज्य के लगभग सभी ग्राम पंचायतों में उपलब्ध उच्च माध्यमिक/माध्यमिक शैक्षिक सुविधाओं एवम पीईईओ स्तर से ग्राम पँचायत के प्राथमिक/उच्च प्राथमिक विद्यालयों को शैक्षिक नेतृत्व व निरन्तर सम्बलन के कारण उच्च गुणात्मक शिक्षा के लक्ष्य की प्राप्ति हो रही है। इसे राजस्थान माध्यमिक शिक्षा बोर्ड के निरन्तर

प्रगतिशील परीक्षा परिणाम से देखा जा सकता है।
यह कहना समीचीन होगा कि यह सर्वाधिक महत्वपूर्ण समय है जबकि हम प्रवेशोत्सव अभियान के माध्यम से प्रत्येक विद्यालय हेतु आवंटित नामांकन लक्ष्य को प्राप्त करे एवम तत्पश्चात सत्र पर्यंत गुणात्मक शिक्षा के लक्ष्य को प्राप्त करे।

जनसंपर्क के माध्यम

इस हेतु एसएमसी-एसडीएमसी बैठकों, जनप्रतिनिधियों से सहयोग, डोर टू डोर विजिट, कैचमेंट एरिये में गतिविधियों का संचालन, जनसहयोग, अन्य राजकीय विभागों से सहयोग, ब्रोशर-पेंपलेट का निर्माण व वितरण, फीडर स्कुलों की विजिट के साथ ही सोशल मीडिया का प्रभावी उपयोग सहायक है।

सोशल मीडिया का प्रभावी उपयोग

विभिन्न संस्थाप्रधान इस दिशा में सक्रिय है एवम उनके द्वारा सोशल मीडिया का बेहतरीन प्रयोग किया जा रहा है। बिना किसी लागत के तैयार होने वाले वीडियो क्लिप्स के द्वारा विद्यालयों में उपलब्ध सुविधाओं का व्यापक प्रचार प्रसार किया जा रहा है।

सांझा प्रयास

आइये, हम सभी इस दिशा में रोजाना एक कदम आगे बढ़ाए व राजस्थान को देश का सिरमौर शैक्षिक राज्य बनाने के स्वप्न को सत्य करे।
सादर।

View Comments